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भगवान पतंजलि : राजनीतिक और आध्यात्मिक स्फोटवाद के द्रष्टा :

Author : अरविंद पाण्डेय      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 02-06-2013 16:40:00

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ऐसा दीप कहाँ से लाऊं..

Author : अरविंद पाण्डेय      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 31-05-2013 17:37:00

'ॐ : आमीन तुम ही पुष्पों में परिमल बन महक रहे हो,तुम्हें कौन सा कुसुम चढाऊं..जिसकी सुरभि न तुम्हें मिली हो,ऐसा फूल कहाँ से लाऊं.तुम भास्कर बन सकल जगत को भासित करते,तुम्हें कौन सा दीप दिखाऊं,जो तुमको प्रकाश से भर दे ,ऐसा दीप कहाँ से लाऊं..अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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बहुत कुर्बानियां दी हैं हमारे कुनबे ने...

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 15-05-2013 17:29:00

'हर इक शहीद ने दिया जो शहादत देकर,वही पैगाम मैं ज़िंदा ही देने आया हूँ.बहुत कुर्बानियां दी हैं हमारे कुनबे ने,मैं इस दफा उन्हीं को जिब्ह करने आया हूँ.ये पंक्तियाँ वास्तव में क्रुद्ध-कवि श्री Desh Ratna की एक कविता के पढने के बाद निकलीं...उन्हें धन्यवाद .................अब बलिदान के संकल्प का नहीं अपितु राष्ट्र-शत्रुओं की बलि चढाने के संकल्प लेने का युग है............अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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अमृत-विंदु खिचता है ..

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 13-05-2013 16:36:00

'श्रीकृष्णार्पणमस्तु धरती के अन्तस्तल से जब अमृत-विंदु खिचता है ताप, तरणि का संश्लेषित,जब पादप से मिलता है मानव  की  निःश्वास-वायु  से  होता  परिसंपुष्ट ,प्रकृति-नटी के इतने श्रम के बाद पुष्प खिलता है .अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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स्वर भी तुम, अक्षर भी तुम

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 11-05-2013 03:43:00

'कृष्णं वन्दे तुम स्वर में उतर पड़े हो, मैं चुप कैसे रह जांऊ . स्वर भी तुम, अक्षर भी तुम, मैं तुम्हें लिखूं फिर गाऊं..अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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श्रम से शिव का अभिषेक करें.

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 01-05-2013 16:03:00

'मैं श्रमिक ईश के उपवन का, मैं ही मादक मधु, मधुवन का. मेरे ही श्रम से महक रहा , कोना कोना नंदन-वन का. श्रम से संकल्प संवरता है, श्रम से सौन्दर्य निखरता है. जो श्रमिक वही फलदार वृक्ष सा मधुर स्वादु फल, फलता है. श्रम से शिव का अभिषेक करें. आओ श्रम से संताप हरें . अरविंद पाण्डेय  www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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श्री श्री दुर्गा बत्तीस नामावली : स्वर : अरविंद पाण्डेय

Author : विन्ध्य वाणी      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 19-04-2013 18:36:00

'श्री श्री दुर्गा बत्तीस नामावलीअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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प्रथमं शैलपुत्री च !

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 11-04-2013 17:32:00

'ॐ नमश्चण्डिकायै प्रथमं शैलपुत्री च !.......... आप सभी मित्रों को नवरात्र महापर्व के लिए मंगल कामनाएँ ! ......................माँ विंध्यवासिनी का यह  भजन आप सभी के लिए ............हम शरणागत हैं माँ विन्ध्याचल रानी -----------------तुम कर दो अब कल्याण,सुनो कल्याणीहम शरणागत है माँ विंध्याचल-रानी१तुमने ही तो कृष्ण -रूप में ब्रज में रास रचायायुगों युगों तक भक्त जनों के मन की प्यास बुझायाशिव ही तो राधा बनकर ब्रज की धरती पर आएइस प्यासी धरती पर मीठी रसधारा बरसाएहम रस के प्यासे लोग(...)'

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मै पूर्ण, शून्य, सर्वत्र आज ..

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 10-04-2013 16:10:00

'ॐनभ की अनंतता सिमट सिमट,मुझमे है आज समाई.मै पूर्ण, शून्य, सर्वत्र आज मेरी ही सत्ता छाई..............तुम जो सोचते हो वही हो और अभी नहीं हो तो शीघ्र हो जाओगे ........इसलिए , यह तुम पर निर्भर है कि तुम क्या होना चाहते हो ...................अरविंद पाण्डेय  www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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आएंगें तुम्हें याद हमारे ही सबक , दोस्त !

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 08-04-2013 16:44:00

'ॐ आमीन मुमकिन है भूलना हमें  नाम-ओ-निशान से हम  मिट  न  सकेगें, मगर,दौर-ए-जहान सेआएंगें तुम्हें याद हमारे ही  सबक  , दोस्त जब जब कभी गुजरोगे किसी इम्तिहान से  भारत की आज़ादी के प्रथम योद्धा, अमर शहीद श्री मंगल पाण्डेय को,,मेरी ओर से ,, आप सभी की ओर से समर्पित पंक्तियां ..............सभी मित्रों को नमस्कार और शुभ शर्वरी !अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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दिल हूम हूम करे : आज मेरे स्वर में

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 07-04-2013 18:20:00

'दिल हूम हूम करे : आज मेरे स्वर में : ..............मुझे याद आ रहा है रांची के मेकन कम्युनिटी हाल में  Rose Society of India द्वारा आयोजित संगीत-समारोह में जब मैंने इस अमर गीत को 1994 में गाया था -- गोपाल साहू जी ने कार्यक्रम आयोजित किया था.... बिहार के महामहिम राज्यपाल  इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे...... ................राग भोपाली में निबद्ध इस गीत की अद्भुत स्वर-लहरी इतनी तीव्र है कि हृदय को त्वरित शान्ति देती है............. वैज्ञानिक परीक्षणों में यह साबित हुआ है(...)'

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दिल भी खिले जो चाँद सा तो बात बने

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 04-04-2013 18:03:00

'श्रीकृष्णार्पणमस्तुखिलता है हर इक रोज़ चाँद आसमान में .दिल  भी  खिले  जो चाँद सा तो बात बने .मिलता है हर इक रोज़ फलक इस ज़मीन से इन्सां  से  जो  इन्सां   मिले  तो  बात  बने अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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मेरे स्वर में मुकेश : खुशी की वो रात आ गई

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 03-04-2013 18:09:00

'खुशी की वो रात आ गयी .कोई गीत जगने दो गाओ रे झूम झूम !मेरे स्वर में मुकेश अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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मेरे स्वर में राहत फ़तेह अली खान : जिया धड़क धड़क जाए

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 01-04-2013 15:53:00

'मेरे स्वर में राहत फ़तेह अली खान  :'' जिया धड़क धड़क जाए ''अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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मोमिन है वो जो मस्त मौसिकी की मय पिए.

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 31-03-2013 16:36:00

'ॐआमीन कुछ लोग पिया करते हैं मयखाने की शराब ,मोमिन है वो जो मस्त मौसिकी की मय पिए. पीने पे सभी को नशा होता है, मेरे दोस्त, पीता वो अस्ल में, जो है नशे में बिन पिए. अरविंद पाण्डेयwww.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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कान्हा न माने Samiksha Nandita sing Holi Song

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 29-03-2013 17:01:00

'Happy Holi to all Music Lovers !!Traditional Holi Song , Composed by Aravind Pandey and Sung by Samiksha Pandey and Nandita Pandey ..अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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माटी क धोधा हो Mati ka dhodha Ho Aravind Pandey sings Holi

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 29-03-2013 11:10:00

'अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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जो हर बेरंग को रँग दें , वो दुनिया जीत लाते हैं '

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 28-03-2013 17:26:00

'श्रीकृष्णार्पणमस्तुचलो होली में तुमको इक अजब दास्ताँ सुनाते हैं बहुत लंबा नहीं बस, एक मिसरा गुनगुनाते हैं-' न अब है वक़्त कोई जंग तलवारों से लड़ने काजो हर बेरंग को रँग दें , वो दुनिया जीत लाते हैं ' सभी मित्रों को होली की मंगल कामनाएं अरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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मन में शिव-संकल्प सदा हो....

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 26-03-2013 04:41:00

'तन्मे मनः शिवसंकल्प मस्तु गगन बना करता है साक्षी प्रतिदिन चन्द्र-उदय का .किन्तु , मनुज के अंतर में फिर, क्यों बादल है भय का. मन में शिव-संकल्प सदा हो,वाणी में मधु-विन्दु .तभी ह्रदय में उदित हुआ करता आनंदित इंदु . अरविंद पाण्डेय  www.biharbhakti.comअरविंद पाण्डेय www.biharbhakti.com'

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भगत, सुखदेव अब कभी न यहाँ आएगें

Author : Aravind Pandey      Blog : परावाणी : The Eternal Poetry      Date : 24-03-2013 04:42:00

'23 मार्च इन्कलाब जिंदाबाद  दिया जला के शहादत का, हमको छोड़ चलेहुए फना, पर, आँधियों का भी रुख मोड़ चले मगर सोचा न था-ऐसा भी वक़्त आएगाबस एक दिन ही भगत याद हमें आयेगा हर एक बाप ये सोचेगा कि उसका बेटा कहीं अशफाक,भगत सा न ज़िन्दगी दे लुटा हर एक नौजवाँ सलमान की तस्वीर लिएबस,उस जैसा ही बन के जीने के लिए ही जिए किया है हमने जो सलूक शहीदों से,सुनोउसे न माफ़ ये तारीख करेगी , सुन लो जो लूटते हैं मुल्क को वो मुस्कुराएगें भगत, सुखदेव अब कभी न यहाँ आए(...)'

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